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        त्योहार का मौसम

 
गत शिशिर, अब सृष्टि के शृंगार का मौसम
लो धरा पर आ गया
त्योहार का मौसम

धुन्ध, कुहरा, शीत, त्रासद मुक्त सारा जग
अब सुगन्धित पुष्प कलियों से सजे हैं मग
काम-रति की प्रेरणा-बस जोड़ियाँ बनतीं
पाहुने ऋतुराज के
अभिसार का मौसम

काल गणना सम्वती शुभ बाँटती खुशियाँ
चैत्र की इस प्रतिपदा से हैं शुरू तिथियाँ
सृष्टि सृजना भूमिका में नारियाँ महती
नौ दिवस तक
शक्ति के मनुहार का मौसम

सृष्टि संरचना हुई, प्रभु राम अवतारे
जन्म ले हनुमान वानर रूप बल धारे
कट रहीं फसलें कृषक चैती मनाएँगे
नृत्य गायन
उत्सवी संचार का मौसम

- हरिवल्लभ शर्मा 'हरि'
१ अप्रैल २०२१

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