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होली है!!

 

रंग बरसे
(छह हाइकु)



होली के रंग
बिखेर रहे प्रेम
मनभावन


टेसू के फूल
छा गए चहुँ ओर
मौसम मस्त


रंग ही रंग
फैला चारों तरफ
अलबेला सा


भाँग की मस्ती
चढ़कर बोलती
आज होली है


चेहरों पर
अबीर व गुलाल
सबको भाए


विद्वेष भागे
भाईचारा पुकारे
लग लो गले

--कृष्ण कुमार यादव
२१ मार्च २०११

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