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होली है!!


मन फागुन फागुन हो जाए


रंग देना तुम ऐसे रंग में
मन फागुन फागुन हो जाए

टेसू का रंग पीत -ख़ुशी का
हर सिंगार पिया मन-भावन
लाल-गुलाबी अनुरागी रंग
अधरों पर हों गीत सुहावन

लिख देना प्रिय गीत प्रणय का
मन श्यामा-मधुवन हो जाए

नैनो की चितवन को रंगना
धरा-गगन सा मौन समर्पण
होली की मदभरी साँझ में
नव रंगों से रंजित आँगन

रंगो की घन-घटा रंगीली
मधु-रस मय-सावन हो जाए

रंग देना तुम ऐसे रंग में
मन फागुन फागुन हो जाए

-पद्मा मिश्रा
१७ मार्च २०१४

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