अंजुमन उपहार । कविकाव्य चर्चा काव्य संगम किशोर कोना गौरव ग्राम
गौरवग्रंथ
दोहे रचनाएँ भेजें नई हवा पाठकनामा पुराने अंक संकलन
हाइकु हास्य व्यंग्य क्षणिकाएँ दिशांतर समस्यापूर्ति

 


 

 

jaga ka maolaa 
saMklana

hllaa gaullaa

 

 

AaAao KolaoM gaoMd AaOr ballaa
KUba macaayaoM hllaa gaullaa.
caaca jaI ka janma idvasaÊ
KalaI krdoM Apnaa gallaa.

gaaolagaPpo maoM caaT masaalaaÊ
maTr TmaaTr dhI Ballaa.
DTkr KayaoM hlauAa pUD,IÊ
hYa- manaayao pUra maaohllaa.

ek vaYa- maoM ek baar hIÊ
Aata hO yao idvasa inaralaa.
baccaaoM kI iKlatI fulavaarIÊ
hMsata doKao KD,a mauCllaa.

baalaidvasa SauBa sabakao BaOyyaaÊ
naacaoM baalak ta ta qaOyyaaa.
kao[- laayaa laD\DU barfIÊ
lao Aayaa kao[- rsagaullaa

 

— Bagavat SarNa EaIvaastva 'SarNa'

 

इस कविता पर अपने विचार लिखें    दूसरों के विचार पढ़ें 

अंजुमन। उपहार। कविकाव्य चर्चा काव्य संगम किशोर कोना गौरव ग्राम गौरवग्रंथ दोहे रचनाएँ भेजें
नई हवा
पाठकनामा पुराने अंक संकलन हाइकु हास्य व्यंग्य क्षणिकाएँ दिशांतर समस्यापूर्ति

© सर्वाधिकार सुरक्षित
अनुभूति व्यक्तिगत अभिरुचि की अव्यवसायिक साहित्यिक पत्रिका है। इस में प्रकाशित सभी रचनाओं के सर्वाधिकार संबंधित लेखकों अथवा प्रकाशकों के पास सुरक्षित हैं। लेखक अथवा प्रकाशक की लिखित स्वीकृति के बिना इनके किसी भी अंश के पुनर्प्रकाशन की अनुमति नहीं है। यह पत्रिका प्रत्येक माह की 1–9 –16 तथा 24 तारीख को परिवर्धित होती है।