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        अभिनंदन

 

नूतन वर्ष आगमन
अभिनंदन, नमन, नमन

है आवरण नव वसन का
स्वच्छ स्निग्ध लिए अंतर्मन
नव भोर लेकर आ गए
नव वर्ष के पावन चरण
प्रसन्न अति धरा गगन
अभिनंदन, नमन, नमन

निरोग ,स्वस्थ मनोरम सा
नवरूप उर्जावान हो
समय के शुभ आशीष से
हर पल सुखों का भान हो
महके जीवन उपवन
अभिनंदन, नमन, नमन

परिणय हों धूमधाम से
हिलमिल कर फिर पर्व मने
अस्पर्श्य न हो कोई भी
सब मिल सकें सगर्व गले
जीवित फिर स्नेह मिलन
अभिनंदन, नमन. नमन

आना जाना तय दिन पर
तुम ज्योतिषविद बुद्धिमान
पूर्व भान जन्म मृत्यु का
अनुशासित सजग विद्वान
लाओगे चैन अमन
अभिनंदन, नमन, नमन

- ओम प्रकाश नौटियाल
१ जनवरी २०२१

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