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पराशर गौड़

जन्मः ११ अगस्त १९४७ को पौड़ी गढ़वाल उत्तर प्रदेश में।

कार्यक्षेत्रः
कौंस्टीट्यूशन क्लब दिल्ली में १९८३ तक प्रबंधक के पद पर कार्य। १९८३ में पहली गढ़वाली फिल्म 'जगवल' तैयार की, दूसरी 'आवाज' प्रदर्शन के लिये तैयार है। मूल रूप से गढ़वाली कवि व लेखक, तीन सौ से अधिक कविताओं का सृजन, १५ नाटकों में अभिनेता, निर्देशक का कार्य। हिन्दी में मन्नू भंडारी के नाटक 'बिना दरवाज़ों का घर' तथा हरिकृष्ण कौल के नाटक 'नाटक बंद करो' का सफल मंचन। हर विधा में लेखन जिसमें हास्य अधिक है।

अनुभूति में पराशर गौड़ की रचनाएँ—

छंदमुक्त में-
चाह
बहस
बिगुल बज उठा
सज़ा
सैनिक का आग्रह

हास्य व्यंग्य में-
अपनी सुना गया
गोष्ठी
पराशर गौड़ की सत्रह हँसिकाएँ
मुझे छोड़
शादी का इश्तेहार

संकलन में-
नया साल- नूतन वर्ष



 

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