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पं. रामेन्द्र मोहन त्रिपाठी

 

विगत चार दशकों से हिन्दी मंचों पर सम्प्रेशण की गुणवत्ता युक्त गीतकार के रुप में प्रतिष्ठित। अत्यधिक लोकप्रिय कवि जिन्होंने कविता की हर विधा में श्रेष्ठ रचनायें कीं।

  अनुभूति में पं. रामेन्द्र मोहन त्रिपाठी की रचनाएँ-

गीतों में-
जूते आ गए चाँदी के
तोड़ गई परछाईं

देश की धरती
 

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