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सुनील जोगी के चार नए प्रेमगीत

तुम बिन
न तुम भूल पाए न हम भूल पाए
प्यार के गीत
हम चले तो यूँ लगा


 

 

प्यार के गीत

प्यार के गीत मेरे मीत, मुझे गाने दो
दिलों में भर सकूँ संगीत, मुझे गाने दो ।

एक मुद्दत से तेरी चाह लिये बैठा हूँ
और हसरत भरी निगाह लिये बैठा हूँ
अपनी पलकों पे कोई ख्वाब तो सजाने दो ।
दिलों में भर सकूँ संगीत, मुझे गाने दो ।।

ख़ुशबुएँ लेके हवा दूर तलक जाती है
और महबूब के आने की खबर लाती है
ऐसे मौसम कोई गीत गुनगुनाने दो ।
दिलों में भर सकूँ संगीत, मुझे गाने दो ।।

आज फिर से तेरी यादों का सिलसिला आया
तेरे आने से बहारों का क़ाफ़िला आया
आज की शाम मेरे घर को महक जाने जाने दो ।
दिलों में भर सकूँ संगीत, मुझे गाने दो ।।

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