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क़ाबिल

 

पुरुष प्रश्नचिह्न

नारी ने ही जाना है
नारी होने के भाव को,
और
इस सत्य को
वो युगों-युगों से
आत्मसात किए हुए है,
इसी प्रवाह में
नारी का दूसरा सत्य
यह है कि
पुरुष का अस्तित्व
नारी से है
मगर नारी के अस्तित्व
की प्रतिभा पर
पुरुष प्रश्नचिह्न बना हुआ है?

२१ अप्रैल २००८

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