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अशोक गुप्ता

जकार्ता में बसे केमिकल इंजीनियर अशोक गुप्ता को कविता लिखने का शौक बचपन से रहा पर नियमित रूप से लिखना पिछले कुछ वर्षों से ही शुरू किया है।

कुछ कविताएँ पत्र पत्रिकाओं में प्रकाशित भी हुई हैं।

ई मेल : ashok1082@yahoo.co.uk

अनुभूति में अशोक गुप्ता की रचनाएँ-

नई कविताएँ—
पागल भिखारी
भाग अमीना भाग
रेलवे स्टेशन पर

कविताओं में—
उन दिनों
कैसे मैं समझाऊँ
झूठ
ग़लती मत करना
गुर्खा फ़ोर्ट की हाइक
दादाजी
नदी के प्रवाह मे
पत्थर
माँ 
रबर की चप्पल
रामला

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अनुभूति व्यक्तिगत अभिरुचि की अव्यवसायिक साहित्यिक पत्रिका है। इस में प्रकाशित सभी रचनाओं के सर्वाधिकार संबंधित लेखकों अथवा प्रकाशकों के पास सुरक्षित हैं। लेखक अथवा प्रकाशक की लिखित स्वीकृति के बिना इनके किसी भी अंश के पुनर्प्रकाशन की अनुमति नहीं है। यह पत्रिका प्रत्येक माह की 1–9 –16 तथा 24 तारीख को परिवर्धित होती है।