अंजुमन उपहार । कविकाव्य चर्चा काव्य संगम किशोर कोना गौरव ग्राम
गौरवग्रंथ
दोहे रचनाएँ भेजें नई हवा पाठकनामा पुराने अंक संकलन
हाइकु हास्य व्यंग्य क्षणिकाएँ दिशांतर समस्यापूर्ति

 


AMSaumaana kI Anya kivataeM

Aao K,rIdar
idnacayaa-
QaUp ko rMga
pta
p`oma: caar kivataeM
maOM na Aa}Mgaa
yah kao[- vyaqaa kqaa nahIM
yaadoM 
xaiNakaeM 
QauAaŠ QauAaŠ ija,ndga,I


AMSaumaana AvasqaI ka pircaya
AaOr
pta

 

  pta

Aasamaana ipGala gayaa
saUrja kI gamaI- sao
AaOr Qara kao laaja BaI nahIM AayaI

mau[- Amaavasa kao
caaMd ko Gar maoM caaorI hu[-
caaor ko pOraoM ko inaXaana BaI nahIM
iTThrI caIKtI rhI
taro AaŠKoM maIMcao rho
rat isamaTI rhI Apnao AaŠcala maoM

caaMd Akolaa mar gayaa
taro nahIM raoyao
AaOr rat kao tao pta BaI nahIM

nadI bahtI rhI hvaa maoM
kla kla kla
jauganaU AvaXya caaOMkto rho
[Mtja,ar maoM
pr iksaI kao kuC pta nahIM

 

इस कविता पर अपने विचार लिखें    दूसरों के विचार पढ़ें 

अंजुमन। उपहार। कविकाव्य चर्चा काव्य संगम किशोर कोना गौरव ग्राम गौरवग्रंथ दोहे रचनाएँ भेजें
नई हवा
पाठकनामा पुराने अंक संकलन हाइकु हास्य व्यंग्य क्षणिकाएँ दिशांतर समस्यापूर्ति

© सर्वाधिकार सुरक्षित
अनुभूति व्यक्तिगत अभिरुचि की अव्यवसायिक साहित्यिक पत्रिका है। इस में प्रकाशित सभी रचनाओं के सर्वाधिकार संबंधित लेखकों अथवा प्रकाशकों के पास सुरक्षित हैं। लेखक अथवा प्रकाशक की लिखित स्वीकृति के बिना इनके किसी भी अंश के पुनर्प्रकाशन की अनुमति नहीं है। यह पत्रिका प्रत्येक माह की 1–9 –16 तथा 24 तारीख को परिवर्धित होती है।