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अनिल कुमार जैन

जन्म- २७ जून १९५६ को सागर मध्य प्रदेश में।
शिक्षा- बी॰ फार्म॰ (सागर विष्वविद्यालय), वैद्य विशारद, आयुर्वेद रत्न (प्रयाग), मास्टर ऑफ म्यूजिक (इन्दिरा संगीत वि॰ वि॰ खैरागढ़, छ॰ ग॰), सीनियर डिप्लोमा इन लाइट म्यूजिक (प्रयाग), पंजीकृत चिकित्सक (भोपाल म॰ प्र॰) ।

कार्यक्षेत्र-
ग़ज़ल, गीत, कविता, कहानी, नाटक, अभिनय, गायन, फोटोग्राफी, ग़ज़ल, गीत, दोहे, कहानियाँ, व्यंग्य, नाटक आदि के क्षेत्र में सक्रिय। ‘हिन्दी-उर्दू मजलिस’ सागर संस्था के संस्थापक। प्रलेस की सागर शाखा के सदस्य।

प्रकाशित कृतियाँ-
ग़ज़ल दुश्यन्त के बाद (भाग-दो) एवं ‘कशिश’ संकलन में ग़ज़लों के प्रकाशन के अतिरिक्त विभिन्न पत्र-पत्रिकाओं में रचनाओं का निरंतर प्रकाशन, तथा आकाशवाणी-दूरदर्शन से ग़ज़लों एवं नाटकों का प्रसारण।
संपादन- साहित्यिक पत्रिका ‘परिधि’ का पिछले १२ वर्षों से संपादन।


संपर्क- aniljain44@ymail.com

 

अनुभूति में अनिल कुमार जैन की रचनाएँ-

अंजुमन में-
किताबें
गर्दिश में वो कोसों दूर
जख्म खाकर मुसकुराना
ज्वालामुखी तो चुप है
थक गया हूँ मैं बहुत
लड़कियाँ

 

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