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अनुभूति में आस्था की रचनाएँ-

छंदमुक्त में
किला
खुद से शिकायत
तुम्हारी याद
बेमौसम
रिश्ता

क्षणिकाओं में-
आस्था की क्षणिकाएँ

हाइकु में
दोस्त शुक्रिया

संकलन में
वर्षा मंगल – अनोखा अहसास
ज्योतिपर्व – ऐसी दीवाली
        – इस साल भी
गाँव में अलाव– असह्य शीत
           – अबके शरद
           – अपनापन
होली– यह कैसी होली
शुभकामनाएँ– सात रंग
प्रेमगीत– लगन लगी
गुच्छे भर अमलतास – तपन, तलाश

  दोस्त शुक्रिया (हाइकु)

दिल में छायी
बहार बसंत की
पिया के संग

प्रेम हमारा
निस्वार्थ प्रतीक
सदा ही रहे
पिया की याद
दिल की धड़कन
कभी ना रूके

मुझ से मेरी
पहचाना करा दी
दोस्त शुक्रिया

आँसू के जैसी
मंद मंद बहती
नदी की धारा

कई जन्मों का
कुदरत ने बाँधा
साथ हमारा

गीत संगीत
मौसम बहार का
साथ प्यार का

दिल का राज
बेताब समंदर
बाँधे ना बँधे

मासूम तुम
चंचल नदिया सी
बहती जाती

बूँदों का शोर
बारिश ने मचाया
मन को भाया

याद तुम्हारी
बेमौसम बारिश
कभी भी आये

मन मे आस्था
एक बार जो आये
जग जिताये


 
 

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