अंजुमन । उपहार । कवि । काव्य चर्चा । काव्य संगम । किशोर कोना । गौरव ग्राम गौरवग्रंथ । दोहे । रचनाएँ भेजें । नई हवा । पाठकनामा । पुराने अंक । संकलन हाइकु । हास्य व्यंग्य । क्षणिकाएँ । दिशांतर । समस्यापूर्ति
jagadISa jaaoSaI 'saaQak'
janma itiqa : 23–09–1965
iSaxaa : snaatk
$icayaaM : laoKna–pzna¸ saMgaIt¸ Qyaana–saaQanaa [%yaaid
saRjana : ra• sahara¸ kadimbanaI AaOr janasa%ta maoM gaja,la¸ baalagaIt va saaihi%yak laoK p`kaiSat
saMp`it : svatM~ laoKna
AnauBaUit maoM jagadISa jaaoSaI 'saaQak' kI rcanaaeM—
doK kr yah haOsalaa AadmaI ka AacarNa jahaM maoM iksaI ka sahara doKkr yao haOsalaa yao BaI hsart imalata nahIM hO mauiSklaaoM sao hmakao jaInaa hvaa ko JaaoMko
इस कविता पर अपने विचार लिखें दूसरों के विचार पढ़ें
अंजुमन। उपहार। कवि। काव्य चर्चा। काव्य संगम। किशोर कोना। गौरव ग्राम। गौरवग्रंथ। दोहे। रचनाएँ भेजें नई हवा । पाठकनामा । पुराने अंक । संकलन । हाइकु । हास्य व्यंग्य । क्षणिकाएँ । दिशांतर । समस्यापूर्ति
© सर्वाधिकार सुरक्षित अनुभूति व्यक्तिगत अभिरुचि की अव्यवसायिक साहित्यिक पत्रिका है। इस में प्रकाशित सभी रचनाओं के सर्वाधिकार संबंधित लेखकों अथवा प्रकाशकों के पास सुरक्षित हैं। लेखक अथवा प्रकाशक की लिखित स्वीकृति के बिना इनके किसी भी अंश के पुनर्प्रकाशन की अनुमति नहीं है। यह पत्रिका प्रत्येक माह की 1–9 –16 तथा 24 तारीख को परिवर्धित होती है।