अंजुमन उपहार । कविकाव्य चर्चा काव्य संगम किशोर कोना गौरव ग्राम
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AnauBaUit maoM jagadISa jaaoSaI 'saaQak' 
kI rcanaaeM—

doK kr yah haOsalaa
AadmaI ka AacarNa
jahaM maoM iksaI ka sahara
doKkr yao haOsalaa
yao BaI hsart
imalata nahIM hO
mauiSklaaoM sao
hmakao jaInaa
hvaa ko JaaoMko

 

mauiSklaaoM sao

mauiSklaaoM sao maukabalaa kr lao
ijaMdgaanaI ka saamanaa kr lao

eoba AaOraoM maoM doKnao vaalao
Apnao Aagao BaI Aa[naa kr laoM

naava mauiSkla sao par lagatI hO
naaKuda gar jaao iknaara kr lao

AarjaU idla kI pUrI haotI hO
tU Kuda sao tao [iltjaa kr lao

hala idyaa ka bata idyaa hmanao
saaoca lao AaOr fOsalaa kr lao

 

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