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एम्मा के नाम पाती
नन्हीं सी चिड़िया
भय है
भोली सी चाहत

 

नन्ही सी चिड़िया

बहेलियों से सावधान
होने के बावजूद
जब फँस जाती है
नन्ही सी चिड़िया
किसी जाल में
दूसरा शातिर बहेलिया
उस पर दया दिखाता है
उससे सहानुभूति
जतलाता है
और बताता है उसे
कि वह कितनी नादान थी
अपने हर जाल को
वो रेशम की डोर बतलाता है
यही वो चालें है
जिनसे मर्द औरत को
फुसलाता है

१३ जून २०११

 

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